विजय कुमार शर्मा बगहा पश्चिम चंपारण, बिहार
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की छह प्रमुख गतिविधियों में शामिल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने हेतु बगहा जिला में दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन मारवाड़ी अतिथि भवन में संपन्न हुआ। यह कार्यशाला 4 जुलाई की संध्या से 5 जुलाई की संध्या तक आयोजित की गई, जिसमें उत्तर बिहार, दक्षिण बिहार तथा झारखंड के सैकड़ों पर्यावरणविदों ने भाग लिया। सर्वव्यवस्था प्रमुख सह जिला संयोजक जितेंद्र कुमार ने जानकारी देते हुए बताया कि कार्यशाला के दौरान अनुभूति भ्रमण सह संगोष्ठी का भी आयोजन किया गया।

विभाग संयोजक डॉ. अमित रंजन ने कहा कि पर्यावरण प्रदूषण आज भयावह रूप ले चुका है और पूरा विश्व इस समस्या को लेकर चिंतित है। उन्होंने कहा कि भारत इस चुनौती को गंभीरता से लेते हुए निरंतर प्रयासरत है तथा पर्यावरण संरक्षण गतिविधि समाज को जागरूक करने का कार्य कर रही है। प्रांत संयोजक सुधांशु मिश्र के दिशा-निर्देश में आयोजित इस कार्यक्रम में उन्होंने बताया कि संस्था द्वारा पेड़-पौधे, जल संरक्षण एवं पॉलीथिन मुक्त अभियान पर विशेष कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि समय-समय पर ऐसे कार्यक्रम आयोजित कर समाज में जागरूकता लाई जाती है।

राष्ट्रीय स्तर की बैठक में इस वर्ष अनुभूति भ्रमण के लिए बगहा जिले का चयन किया गया, जिसमें अखिल भारतीय संयोजक गोपाल आर्य का प्रवास तय हुआ। अनुभूति भ्रमण के दौरान प्रतिभागियों ने पीपरा स्थित विकास वैभव चौक पर गजेन्द्र यादव द्वारा लगाए गए दस लाख से अधिक पौधों का अवलोकन किया। उनके पर्यावरण के प्रति समर्पण को देखकर सभी प्रतिभागी अभिभूत हुए और उनकी सराहना की।

5 जुलाई की संध्या में मारवाड़ी अतिथि भवन में आयोजित संगोष्ठी में मुख्य अतिथि के रूप में पर्यावरण संरक्षण गतिविधि के अखिल भारतीय संयोजक गोपाल आर्य तथा विशिष्ट अतिथि के रूप में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रांत सह संघचालक राजकिशोर उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता चंद्रकुमार पाठक ने की। अतिथियों का स्वागत अंगवस्त्र देकर किया गया। अपने संबोधन में गोपाल आर्य ने पर्यावरण संरक्षण पर जोर देते हुए “अधिक पेड़ लगाओ, पानी बचाओ और पॉलीथिन हटाओ” का संदेश दिया तथा प्रत्येक व्यक्ति से कम से कम एक पौधा लगाने का आह्वान किया।

इस अवसर पर प्रांत संयोजक सुधांशु मिश्र, सह प्रांत संयोजक देवदास, दक्षिण बिहार के प्रांत संयोजक रामबिलास सांडिल्य, प्रांत युवा प्रमुख नवनीत गिरी, पर्यावरण शोधकर्ता जयेश भट्टाचार्य, संपर्क प्रमुख जनार्दन विश्वकर्मा, जनसंवाद प्रमुख डॉ. योगी शैलेन्द्र गिरी सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे। इसके अतिरिक्त जिला एवं नगर स्तर के अनेक पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं ने भी कार्यक्रम को सफल बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।






