अनिल कुमार शर्मा मझौलिया पश्चिम चंपारण, बिहार
पश्चिम चंपारण के दो युवाओं ने अपनी अनोखी आध्यात्मिक यात्रा से पूरे इलाके में प्रेरणा की नई मिसाल पेश की है। आस्था, साहस और जुनून से भरे ये युवा बाबा केदारनाथ धाम की कठिन यात्रा पर अलग-अलग अंदाज में निकले हैं। एक युवक साइकिल से तो दूसरा स्केटिंग करते हुए हजारों किलोमीटर की दूरी तय करेगा। युवाओं के इस संकल्प की चर्चा अब गांव से लेकर शहर तक हो रही है। मझौलिया प्रखंड के बैठनिया भानाचक पंचायत निवासी धर्मेंद्र कुमार और बेतिया नगर निगम क्षेत्र के रानीपकड़ी निवासी कृष्णा कुमार ने अपनी यात्रा की शुरुआत बेतिया के सागर पोखरा स्थित शिव मंदिर में पूजा-अर्चना कर की।

भगवान भोलेनाथ का आशीर्वाद लेने के बाद दोनों युवाओं ने अयोध्या, वाराणसी और हरिद्वार होते हुए केदारनाथ धाम तक पहुंचने का लक्ष्य तय किया है।
धर्मेंद्र कुमार ने बताया कि यह यात्रा केवल धार्मिक आस्था तक सीमित नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य युवाओं में आत्मविश्वास, अनुशासन और सकारात्मक सोच को बढ़ावा देना भी है। उन्होंने कहा कि कठिन रास्तों और चुनौतियों के बावजूद उनका हौसला मजबूत है। अनुमानित रूप से एक माह में केदारनाथ पहुंचने और फिर वापसी में भी लगभग उतना ही समय लगने की संभावना है।
यात्रा को लेकर मझौलिया और बेतिया में उत्साह का माहौल बना हुआ है। रवाना होने से पहले स्थानीय लोगों ने दोनों युवाओं का फूल-माला पहनाकर स्वागत किया और सुरक्षित यात्रा की कामना की। ग्रामीणों ने कहा कि चंपारण की धरती हमेशा से साहस और प्रेरणा की पहचान रही है। ऐसे में इन युवाओं का यह प्रयास नई पीढ़ी को अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने की सीख देगा।






