वाल्मीकि नगर से नंदलाल पटेल की रिपोर्ट
महर्षि वाल्मीकि की तपोभूमि के वाल्मीकि नगर जल संसाधन विभाग की ई-टाइप कॉलोनी में पिछले पांच दिनों से पेयजल आपूर्ति पूरी तरह ठप होने से लोगों के सामने गंभीर जल संकट उत्पन्न हो गया है वही तीन नंबर पहाड़ (ऊपरी शिविर) में नल से जल तो निकलता है लेकिन 5 मिनट के लिए जिससे लोगों में काफी आक्रोश है। भीषण गर्मी के बीच नल से जल योजना और गंडक प्रोजेक्ट के वाटर सप्लाई प्लांट दोनों के बंद होने से कॉलोनी के सैकड़ों परिवार बूंद-बूंद पानी के लिए परेशान हैं।

जानकारी के अनुसार, जलनल योजना के मोटर में स्टार्टिंग संबंधी खराबी आ गई है, जबकि गंडक प्रोजेक्ट के पीएचईडी वाटर प्लांट का मोटर भी कई दिनों से जला हुआ है। दोनों योजनाएं बंद रहने के कारण पूरी कॉलोनी में जलापूर्ति ठप हो गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कई दिनों से संबंधित विभाग को सूचना देने के बावजूद अब तक समस्या का समाधान नहीं हो सका है। ई-टाइप कॉलोनी छोटी पहाड़ी पर बसी हुई है, जहां बड़ी आबादी निवास करती है। पथरीली जमीन होने के कारण यहां निजी चापाकल या अन्य वैकल्पिक जल स्रोत भी उपलब्ध नहीं हैं, जिससे लोगों की परेशानी और बढ़ गई है।

जलनल योजना के जूनियर इंजीनियर राशिद अली ने बताया कि खराबी की सूचना मिल चुकी है। उन्होंने कहा कि विभागीय प्रक्रिया के तहत मिस्त्री को भेजा गया है और जल्द ही समस्या का समाधान कराया जाएगा। हालांकि पांचवें दिन भी न तो कोई मिस्त्री मौके पर पहुंचा और न ही जलापूर्ति बहाल हो सकी, जिससे विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन एवं पीएचईडी विभाग से अविलंब मोटर की मरम्मत कर पेयजल आपूर्ति बहाल कराने की मांग की है। उनका कहना है कि यदि जल्द व्यवस्था नहीं की गई तो भीषण गर्मी में पेयजल संकट और गहरा सकता है।






