पांच लाख की रंगदारी नहीं दी तो जमीन पर नहीं चढ़ने देंगे।
अनिल कुमार शर्मा मझौलिया पश्चिम चंपारण ।
मझौलिया प्रखंड के रामनगर बनकट पंचायत में भूमि विवाद ने एक बार फिर तनावपूर्ण रूप ले लिया। जमीन पर कब्जे को लेकर दो पक्ष आमने-सामने आ गए। आरोप है कि दबंगों ने न केवल 5 लाख रुपये की रंगदारी मांगी, बल्कि हथियारों का प्रदर्शन, पथराव और जान से मारने की धमकी देकर इलाके में दहशत फैला दी। इस पूरे मामले में जेसीबी क्षतिग्रस्त होने की बात भी सामने आई है।रामनगर बनकट वार्ड संख्या-4 निवासी स्वर्गीय जगेश्वर साह के पुत्र पारस शाह ने मझौलिया थाना में दिए आवेदन में वार्ड संख्या-1 निवासी शाह मोहम्मद मियां, मासूम अली, परवेज आलम, रूबी खातून, सैफुल नेशा, नजमा खातून समेत अन्य लोगों को नामजद किया है।
आवेदन में पारस शाह ने आरोप लगाया है कि सभी आरोपित एकजुट होकर उनकी जमीन पर चढ़ने से रोकते हैं और दबंगई दिखाते हुए 5 लाख रुपये की रंगदारी मांगते हैं। आरोप है कि उनसे कहा गया कि “कोर्ट-कचहरी में केस लड़ने में हमारा 5 लाख रुपये खर्च हुआ है, पहले वह पैसा दो, तभी जमीन पर कब्जा कर पाओगे।

पुलिस और कोर्ट हमारा कुछ नहीं बिगाड़ सकते।”पारस साह के अनुसार, 27 जून को जब वह अपनी जमीन पर पहुंचे तो आरोपित लाठी, तलवार और अन्य हथियारों से लैस होकर पहुंच गए। गाली-गलौज के बीच उन्हें पकड़ने का प्रयास किया गया, जबकि एक महिला ने तलवार से हमला करने की कोशिश की। वहीं, घर की छत से ईंट-पत्थरों की बारिश की गई। शोर सुनकर परिजन और ग्रामीण मौके पर पहुंचे, जिसके बाद उनकी जान बच सकी।पारस साह का दावा है कि संबंधित भूमि को लेकर उनके पक्ष में निचली अदालत, अपर कोर्ट बेतिया तथा पटना हाई कोर्ट से भी फैसला आ चुका है, इसके बावजूद उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही हैं।मामले को लेकर थानाध्यक्ष अमर कुमार ने बताया कि प्राप्त आवेदन के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है और विधिसम्मत कार्रवाई की जा रही है।
हालांकि, इस मामले में जिन लोगों पर आरोप लगाए गए हैं, उनका पक्ष प्राप्त नहीं हो सका है।






