विजय कुमार शर्मा बगहा पश्चिम चंपारण, बिहार
मधुबनी,कल जिले भर में महिलाओं ने हल षष्ठी व्रत रखकर आस्था के साथ लोक संस्कृति के इस पर्व को मनाया । एक दिन पहले ही पूजन सामग्री जुटाने में महिलाएं लग गईं थी, क्योंकि इस पूजा में लगने वाली सामग्री की अपनी अलग ही विशेषता होती है। इस पूजा के माध्यम से बच्चों की दीर्घायु की कामना व परिवार की समृद्धि के साथ प्रकृति के संरक्षण से होने वाली खुशहाली का संदेश भी दिया जाता है। यही कारण है कि समूह में महिलाओं द्वारा प्राकृतिक रूप से तालाब बनाकर ,उसके चारों ओर पेड़ पौधों को लगाकर पूजा की जाती है।

बहरहाल यह पूजा बुधवार को महिलाओं ने पूजा स्थल की परिक्रमा कर आशीर्वाद मांगा। और हल षष्टि देवी की कथा का श्रवण करते हुए, अपने-अपने संतानों की उम्र की लंबी उम्र की कामना की। इस पूजा में बिना हल चले स्थान से महुआ पेड़ के पत्ते से बने दोना, पत्तल, दातुन ,महुआ फल, छह प्रकार की भाजी, भैंस का दूध, दही, घी, सुहाग के सामान सहित अन्य सामग्री का उपयोग किया गया।






