सीएस के निर्देश पर चला अभियान, कागजात की जांच से निजी संस्थानों में मचा हड़कंप
विजय कुमार शर्मा बगहा पश्चिम चंपारण, बिहार
बगहा। सिविल सर्जन के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की टीम ने बुधवार को बगहा नगर क्षेत्र में संचालित नर्सिंग होम एवं जांच घरों का निरीक्षण किया। पीएचसी बगहा के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी के नेतृत्व में चले इस जांच अभियान से निजी अस्पताल एवं जांच घर संचालकों में हड़कंप मचा रहा। टीम ने कई संस्थानों में पहुंचकर संचालन से संबंधित आवश्यक कागजातों की मांग की और उनकी जांच की।

जांच टीम ने नगर क्षेत्र में संचालित मन्नत हॉस्पिटल, खुशी जांच घर, बगहा जांच घर, जीवन ज्योति अस्पताल और वाल्मीकि जांच घर समेत अन्य संस्थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान संस्थानों के पंजीकरण, चिकित्सकों से संबंधित दस्तावेज, संचालन की अनुमति सहित अन्य आवश्यक कागजातों की पड़ताल की गई। वहीं, जांच के दौरान सावित्री अस्पताल बंद मिला। टीम ने अस्पताल के बंद रहने के संबंध में भी आवश्यक जानकारी जुटाई। अधिकारियों ने संस्थानों के संचालन से जुड़े दस्तावेजों और निर्धारित मानकों की स्थिति की जांच की।
बिना मानक संचालन की शिकायत के बाद जांच अभियान
बताया जा रहा है कि नगर क्षेत्र में कई नर्सिंग होम एवं जांच घरों के निर्धारित मानकों और आवश्यक कागजातों के बिना संचालन की शिकायत स्वास्थ्य विभाग को मिल रही थी। इन्हीं शिकायतों के मद्देनजर सिविल सर्जन के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की ओर से जांच अभियान शुरू किया गया है। जांच के बाद अनियमितता पाए जाने वाले संस्थानों के विरुद्ध विभागीय स्तर पर कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
पहले भी हो चुकी है जांच, कार्रवाई पर उठे सवाल
स्थानीय लोगों के अनुसार, इन नर्सिंग होम एवं जांच घरों की पूर्व में भी सिविल सर्जन के निर्देश पर जांच हो चुकी है। हालांकि, जांच के बाद कार्रवाई नहीं होने को लेकर लोगों में सवाल उठते रहे हैं। लोगों का कहना है कि यदि किसी संस्थान में नियमों का उल्लंघन पाया जाता है तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि मरीजों की सुरक्षा से किसी प्रकार का समझौता न हो।

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जांच के दौरान यदि किसी संस्थान में अनियमितता या निर्धारित मानकों का उल्लंघन पाया जाता है तो संबंधित संस्थान के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।






