जल संसाधन कॉलोनीयों में भालु अब रात में ही नहीं बल्कि दिन के समय भी स्वतंत्र रूप से घूमते हुए देखे जा रहे हैं
वाल्मीकि नगर से नंदलाल पटेल की रिपोर्ट
पर्यटन नगरी वाल्मीकि नगर स्थित जल संसाधन विभाग की कॉलोनियों में मंगलवार देर रात दो जोड़े जंगली भालुओं के प्रवेश से लोगों में दहशत फैल गई। भालुओं ने पहले ऊपरी शिविर स्थित तीन नंबर पहाड़ कॉलोनी में विचरण किया और रात करीब साढ़े 11 बजे निचले शिविर के ई-टाइप कॉलोनी पहुंचकर जमकर उत्पात मचाया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ई-टाइप कॉलोनी निवासी ब्रजकिशोर राउत के आवासीय परिसर में घुसे भालुओं ने मुर्गी के दड़बे को उलट-पुलट दिया तथा मुर्गियों के पंख नोच डाले। इसके बाद भालू आवास की खिड़की के पास खड़े होकर खिड़की और दीवार पर जोर-जोर से मुक्के मारने लगे, जिससे परिवार के लोग भयभीत होकर घर के अंदर दुबक गए। इतना ही नहीं, भालुओं ने कॉलोनी के एक अन्य आवासीय परिसर में भी प्रवेश कर टिन की घेराबंदी को जोर-जोर से पीटना शुरू कर दिया। अचानक हुई इस घटना से पूरी कॉलोनी में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और लोग पूरी रात दहशत में रहे।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इन दिनों क्षेत्र में आम पकने के कारण भालू भोजन की तलाश में जंगल से निकलकर कॉलोनियों में पहुंच रहे हैं। जानकारों के मुताबिक,वाल्मीकिनगर की जल संसाधन कॉलोनियों में भालू अब रात ही नहीं बल्कि दिन के समय भी स्वतंत्र रूप से घूमते हुए देखे जा रहे हैं, जिससे किसी बड़ी घटना की आशंका बनी हुई है।
रेंजर सत्यम कुमार ने बताया की इस तरह की घटना की हमे तुरन्त जानकारी दे,मॉनसुन गश्ती बढ़ा दी गई है, गश्ती टीम रात्रि पहर मे भी कॉलोनियों के चक्कर लगाएगी,ताकि इस तरह की घटना पर नजर रखी जा सके ।
ईधर,कॉलोनी वासियों ने वन विभाग से रात्रि गश्त बढ़ाने, भालुओं की गतिविधियो पर नजर बनाए रखने की अपील की है।






