अनिल कुमार शर्मा मझौलिया पश्चिम चंपारण
मझौलिया, जिला विधिक सेवा प्राधिकार के अवर न्यायाधीश सह सचिव धीरेन्द्र कुमार पाण्डेय के निर्देशानुसार प्रखंड के बखरिया, माधोपुर, बहुआरवा सहित क्षेत्रों में नशा उन्मूलन, बाल श्रम रोकथाम को लेकर पारा विधिक स्वयंसेवक अवधेश कुमार गुप्ता के द्वारा जागरूकता अभियान का आयोजन किया गया। ग्रामीणों को जागरूक करते हुए पीएलवी अवधेश कुमार गुप्ता ने कहा कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य दलित, महादलित बस्ती में, बच्चों में बढ़ रहे नशा कि लत, बच्चों के प्रति बढ़ रहे हिंसा, अपराध, बाल शोषण, बाल विवाह से बचाव के लिए बच्चों व उनके अभिभावकों को जागरूक करना है। उन्होंने कहा कि छोटे छोटे बच्चों को इन बुराइयों के अलावा, गुुुड टच व बैड टच के बारे में समझाना भी हैं ताकि वह इन चीजों को समझ सकें और अपने माता – पिता या परिजन को अपने साथ हो रहे शोषण, अपराध के बारे जानकारी दे सके। उन्होंने कहा कि कुछ मातापिता चंद रुपयों के लालच में अपने नाबालिग बच्चों को दूर दराज के प्रदेशों में कमाने के लिए भेज देते हैं तथा कम उम्र में अपनी बच्चियों की शादी कर देते हैं।

जहाँ पर उनके साथ प्रतिदिन हिंसा व अत्यचार होता है। उन्होंने सभी से बाल विवाह रोकने तथा नशा का त्याग करने की अपील की। उन्होंने कहा कि अगर घर की महिलाएं चाहे तो नशा मुक्ति व शराब बंदी को पूर्ण रूप से सफल बनाया जा सकता है। अगर घर में कोई पुरूष शराब पीकर आ रहा है या नशीला पदार्थ की खरीद विक्री कर रहा है तो, उसका जोरदार विरोध करें। उन्होंने कहा की नशा मानव जाति के जीवन में मतभेद व कड़वाहट लाता है और समाज मे इसका गलत प्रभाव पड़ता है। आप जो पैसा आपलोग नशा के सेवन में खर्च करते, वह पैसा आप अपने बच्चों के भरण-पोषण में खर्च करे, जिससे उनका विकास हो सके।






