विजय कुमार शर्मा बगहा पश्चिम चंपारण, बिहार
बगहा, पश्चिम चंपारण। पुलिस द्वारा प्रस्तुत वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्यों तथा अनुसंधान के बाद समर्पित चार्जशीट के आधार पर पटखौली थाना कांड संख्या 889/22 में नामजद अभियुक्त जीतेन्द्र यादव को न्यायालय ने दोषी करार देते हुए विभिन्न धाराओं में सजा सुनाई है। मामला भारतीय दंड संहिता की धारा 363, 302/34, 201/34 तथा पॉक्सो एक्ट की धारा 8 से संबंधित था। अभियुक्त जीतेन्द्र यादव, पिता केश्वर यादव, निवासी पोखरभिंडा, थाना पटखौली, जिला पश्चिम चंपारण के विरुद्ध नाबालिग से जुड़े गंभीर मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस पदाधिकारियों ने अनुसंधान के दौरान वैज्ञानिक एवं तकनीकी साक्ष्यों का संकलन किया और न्यायालय में अंतिम आरोप पत्र समर्पित किया। कांड को त्वरित विचारण के लिए रखा गया था। पुलिस अधीक्षक, बगहा द्वारा भी मामले का स्वयं अनुश्रवण किया जा रहा था।

माननीय अनन्य विशेष न्यायालय, रेप एवं पॉक्सो, बेतिया (पश्चिम चंपारण) ने बुधवार, 22 सितंबर 2026 को अभियुक्त को भारतीय दंड संहिता की धारा 363 के तहत सात वर्ष के कारावास एवं 10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। अर्थदंड नहीं देने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। वहीं, धारा 302/34 के तहत आजीवन कारावास एवं 50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा दी गई है। अर्थदंड नहीं देने पर छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।धारा 201/34 के तहत सात वर्ष के कारावास एवं 10 हजार रुपये अर्थदंड तथा अर्थदंड नहीं देने पर तीन माह का अतिरिक्त कारावास और पॉक्सो एक्ट की धारा 8 के तहत पांच वर्ष के कारावास एवं पांच हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई गई। अर्थदंड नहीं देने पर दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अभियुक्त को सजा दिलाने में लोक अभियोजक श्री जयशंकर की महत्वपूर्ण भूमिका रही।






