वाल्मीकि नगर से नंदलाल पटेल की रिपोर्ट
वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के निर्देश पर शुक्रवार को वाल्मीकिनगर वन क्षेत्र में वन संरक्षण का अनूठा संदेश दिया गया. वन विभाग के कर्मियों ने पेड़ों को रक्षासूत्र बांधकर उनकी सुरक्षा और संरक्षण का संकल्प लिया. इस दौरान वन क्षेत्र पदाधिकारी सत्यम कुमार ने वनकर्मियों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति सजग रहने के साथ आम लोगों को भी जंगल और प्रकृति की रक्षा के लिए प्रेरित किया. वन क्षेत्र पदाधिकारी ने कहा कि पेड़-पौधे केवल प्रकृति की सुंदरता नहीं, बल्कि जीवन का आधार हैं। “वन है तो जीवन है” के संदेश के साथ उन्होंने कहा कि जंगलों की सुरक्षा आज की सबसे बड़ी जरूरतों में शामिल है. पेड़ों को भाई का प्रतीक मानते हुए उनकी आजीवन रक्षा करने का संकल्प लेना प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी का प्रतीक है.

उन्होंने कहा कि वनों के संरक्षण के लिए समाज में जागरूकता फैलाना जरूरी है.जंगल सुरक्षित रहेंगे तो जैव विविधता, वन्यजीव और पर्यावरण का संतुलन भी कायम रहेगा. पेड़ों पर बांधा गया रक्षासूत्र केवल एक परंपरा नहीं, बल्कि प्रकृति के साथ मानव के रिश्ते और संरक्षण के संकल्प का प्रतीक है. कार्यक्रम के दौरान वनकर्मियों ने जंगलों की सुरक्षा, हरियाली बढ़ाने और पर्यावरण संरक्षण में अपनी भूमिका निभाने का संकल्प दोहराया. वन विभाग ने लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने तथा लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने की अपील की. इस पहल के माध्यम से प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता और वन संरक्षण का संदेश दिया गया.






