प्रशिक्षण से शिक्षकों के ज्ञान व शिक्षण कौशल में होती है वृद्धि : सुनिल
विजय कुमार शर्मा बगहा पश्चिम चंपारण, बिहार
समाज, राज्य व राष्ट्र के विकास व निर्माण में शिक्षकों की भूमिका अतुलनीय है। शिक्षक शिक्षण के दौरान विभिन्न समस्याओं से अवगत होते हैं। उन समस्याओं की पहचान कर समाधान के लिए पहल भी करनी होती है।
विभाग द्वारा शिक्षकों को उनकी सेवा के दौरान विभिन्न प्रकार के प्रशिक्षण दिए जाते हैं ताकि उन शिक्षकों से विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षण मिले। शिक्षक शिक्षण के दौरान विद्यालय / वर्ग कक्ष में विद्यार्थियों के पढ़ाई, लिखावट आदि विभिन्न प्रकार की समस्याओं से रु-ब-रु होते हैं।
हाल ही में बाईस दिसम्बर से छब्बीस दिसम्बर तक निदेशक, राज्य शिक्षा एवं प्रशिक्षण परिषद महेंद्रु पटना के आदेश से राज्य भर के प्रशिक्षण संस्थान में शिक्षकों का प्रशिक्षण हुआ है जिसमें जिला कार्यक्रम पदाधिकारी पश्चिम चम्पारण के निर्देश के आलोक में जिले के डायट व बायट में शिक्षकों का इन सर्विस प्रशिक्षण हुआ। स्थानीय शिक्षक सुनिल कुमार उक्त प्रशिक्षण में शामिल हुए थे। शिक्षक ने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान ‘एक्शन रिसर्च’ प्रशिक्षण प्राप्त हुआ जिससे शिक्षण में सुविधा, सहायता मिलेगी। शिक्षक सुनिल कुमार ने आगे कहा कि प्रशिक्षण से शिक्षकों के ज्ञान व शिक्षण कौशल में वृद्धि होती है।
विद्यार्थियों के समग्र विकास में विद्यालय के साथ-साथ समाज, परिवार, अभिभावक का सहयोग अपेक्षित होता है।






